चंदेश्वर दुर्गा जी कालेज के शिक्षक ने एडीएम एफ/आर को दिया ज्ञापन
●आजमगढ़ जिले में स्थापित हो क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी कार्यालय
●मांग को लेकर शिक्षकों ने भरी हुंकार, एडीएम को सौंपा ज्ञापन
आजमगढ़। आज दिनांक 3 फरवरी 2022 को महाविद्यालय शिक्षक संघ एवं विश्व विद्यालय अभियान की टीम के बैनर तले प्रोफेसर का एक प्रतिनिधिमंडल अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व आजमगढ़ को इस आशय का एक पत्रक दिया कि आजमगढ़ मंडल मुख्यालय होने के कारण क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय होना अति आवश्यक है। जिससे शिक्षक बंधुओं से गैर शिक्षक कर्मचारियों को छोटे छोटे काम के लिए वाराणसी ना जाना पड़े जबकि सभी मंडल मुख्यालयों में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय है परंतु आजमगढ़ मंडल का निर्माण हुए लगभग 3 दशक हो गए परंतु काफी अरसे से लंबित मांग को अभी पूरा नहीं किया गया। हालांकि माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा जनपद वासियों की भावनाओं का समाधान करते हुए महाराजा सुहेलदेव राज्य विश्वविद्यालय आजमगढ़ की स्थापना कर ज्ञान की गंगा बहाने का प्रयास शुरू हो गया। इसी कड़ी में जनपद महाविद्यालय के शिक्षकों की मुख्य मांग की आजमगढ़ मंडल में भी क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय यथाशीघ्र स्थापित किया जावें। जिससे आजमगढ़ मऊ जनपदवासी जीपीएस पेंशन एवं अन्य जरूरी काम के लिए बार-बार वाराणसी जाने से बच सकें। क्योंकि जनपद में विश्वविद्यालय स्थापित हो चुका है उसी विश्वविद्यालय अभियान के बैनर तले एक आवश्यक मांग सभी प्रोफेसर शासन प्रशासन के समक्ष रख रहे है,ं जिससे यथाशीघ्र एक बड़ी कठिनाई से निजात मिल सके तथा पठन-पाठन सुचारू रूप से जारी रहे।
संयोजक डॉ सुजीत भूषण ने कहा कि वर्तमान में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय वाराणसी में होने के कारण हम शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। छोटी-छोटी चीजों के लिए वाराणसी जाना आना पड़ता है। जिससे आर्थिक नुकसान के साथ साथ समय का बहुत ही नुकसान होता है। अवकाश प्राप्त प्रोफेसर बार-बार ऑफिस के चक्कर लगाकर काफी अपमानित महसूस करते हैं। क्योंकि कोई भी काम किसी कार्यालय में एक बार में हो ही नहीं सकता। इसलिए उनके अंतर्मन में भारी पीड़ा होती है। इसीलिए हर हाल में आजमगढ़ में जल्द से जल्द एक क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय स्थापित किया जावे।
शिक्षक संघ के अध्यक्ष डॉ प्रवेश सिंह ने कहा कि आजमगढ़ में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय यथाशीघ्र स्थापित किया जाए। क्योंकि यह सामान्य सी प्रक्रिया है कि मंडल मुख्यालय पर क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय होना चाहिए मंडल निर्माण हुए लगभग 3 दशक हो गए परंतु शिक्षा विभाग कुंभकरण की नींद सोए हुए हैं। अत्यंत खेद के साथ यह भी करना पड़ रहा है कि आज तक क्षेत्रीय साहब का कार्यालय तो दूर उस पर शिक्षा विभाग एवं अन्य जिम्मेदार लोगों की चुप्पी शिक्षकों के लिए काफी कष्टकारी है। प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से शिक्षकों व कर्मचारियों का शोषण विभाग का शगल बन गया। यह समझ से परे है कि इतना महत्वपूर्ण कार्यालय अभी तक मंडल मुख्यालय पर क्यों नहीं बना यह एक विचारणीय प्रश्न है?
वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ जगदंबा दुबे ने कहा कि विश्वविद्यालय का उपहार जनपद वासियों को मिल चुका है इसके लिए प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से आजमगढ़ व मऊ जनपद वासियों को कोटि कोटि बधाई! यदि लगे हाथ क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय भी बन जाता तो मुझे लगता है कि जनपद वासियों को एक अनमोल तोहफा मिल जाता और जनपद वासी विशेष तौर से शिक्षक वर्ग सुखद अहसास करता।
महामंत्री डॉ अजीत प्रताप सिंह एवं वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. अलाउद्दीन ने कहा कि उच्च शिक्षा अधिकारी का कार्यालय हम जनपद वासियों एवं शिक्षकों की महती आवश्यकता है। साथ ही साथ कुलपति महोदय से अनुरोध है कि प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा आजमगढ़ विश्वविद्यालय से ही करावें। क्योंकि हमारे पास सभी संसाधन मौजूद हो गए हैं। कुछ यदि कमियां रह गई हो तो हम शिक्षकगण यथासंभव सहयोग के लिए तैयार है। पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर का यह कहना कि प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा हम कराएंगे कदापि उचित नहीं हैं। हमें हमारे हाल पर छोड़ दें हम अपने पास उपलब्ध संसाधन से प्रथम समेस्टर की परीक्षा करा लेंगे। उनकी इस मांग का सभी प्रोफ़ेसर बंधुओं ने समवेत स्वर में समर्थन किया तथा कुलपति महोदय से अनुरोध किया कि वे हम सभी को आदेशित करें। यथासंभव सहयोग के लिए आजमगढ़ विश्वविद्यालय से संबंधित आजमगढ-मऊ के प्रोफ़ेसर तैयार हैं। इस अवसर पर कई वरिष्ठ एवं कनिष्ठ प्राध्यापक मौजूद रहे डॉ0 (प्रवेश कुमार सिंह)असिस्टेंट प्रोफेसर।
























































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