Latest News / ताज़ातरीन खबरें

अम्बारी बाजार में रक्षाबंधन पर सजी दुकानें, चांदी की राखी पर महंगाई की मार,दिखाया नकारात्मक आंकड़ा , बाजारों में दिखा हलचल

अम्बारी आजमगढ़ । शनिवार 9 अगस्त यानी कल को रक्षाबंधन का पर्व मनाया जाना है. आजमगढ़ के अम्बारी में रक्षाबंधन को लेकर बाजार सज गया है. आजमगढ़ के सभी बाजारों में राखियों की दुकान पर बहनें खरीदारी करने के लिए कतार लगा हुआ है कही उत्साह तो कहीं महंगाई की उदासी भी चेहरे पर दिखाई दे रहा था.हर दुकानों में राखी खरीदने वालों के बीच उत्साह तो था लेकिन दाम पूछने पर दाम की  गरमाहट चेहरे की रौनक को झुलसा देने को मजबूर हो गया . अम्बारी में चांदी की राखी की डिमांड हर साल की अपेक्षा इस वर्ष काफी घट गई है. 

चांदी की राखी की डिमांडः अम्बारी के हर वर्ष आभूषण दुकानदारों ने बताया कि प्रत्येक दिन कम से कम बड़ी संख्या में चांदी की राखी की बिक्री हो रही थी. लोग इसकी काफी डिमांड कर रहे थे. उन्होंने बताया कि पिछले साल डेढ़ सौ रुपए से लेकर ₹1000 तक चांदी की राखी की व्यवस्था की गई थी. चांदी की राखी ब्रेसलेट के तौर पर बनाई गई थी, जिसमें तरह-तरह के डिजाइन की राखी बाजारों में बिक रही थी.

"बाजारों में चांदी की राखी की डिमांड बढ़ी हुई थी ,लेकिन महंगाई की मार इसबार मांग को प्रभावित किया है. हर कोई आकर चांदी की राखी खरीदना चाह रहा है पर जेब की मार परेशान कर दिया है . 

 पिछले वर्ष तकरीबन प्रत्येक दिन आज की तुलना में अधिक राखी बिक रही थी. इस वर्ष राखी की स्टॉक अभी बना हुआ है खरीदार कम है, पिछले वर्ष 150से अधिक राखियां बिक चुकी थी आज इस साल 50 राखियां भी नहीं बिक पाई है ।

हालांकि, हर बाजार में अलग अलग आंकड़ा हो सकता है परंतु सच्चाई यह है कि महंगाई की मार से हर एक त्यौहार प्रभावित है।
 दूसरे शब्दों में हम कह सकते है कि ,बेरोजगारी की बढ़ती जनसंख्या हर त्यौहार को अपने आगोश में ले लिया हैं. बतादेंकि चांदी की राखी महत्व इसलिए भी है कि, चांदी एक पूजी का निर्माण करता है. इसका शुरुआत 500 से 2500 रुपए तक की बाज़ार में राखी बिक रही है." यह जानकारी हमारे विश्वसनीय स्थानीय ज्वेलर्स के संचालक ने दिया।
 अम्बारी में हर तरफ बाजारों में राखी श्रृंगार की दुकानों और मिठाईयों की दुकानों पर बहनों और माताओं का उत्साह फिर भी देखते बना. सभी बहन इस पर्व को काफी बेसब्री से इंतजार करती हैं. दूर रहने वाले भाई रक्षाबंधन पर बहन से राखी बंधवाने आते हैं.

एक बार फिर बतादें कि,खराब नहीं होती चांदी की राखीः अम्बारी में राखी खरीदने के लिए पहुंची स्नेहा ने कहा कि, वह भी चांदी की राखी खरीदेगी. बताया कि, वह हर साल बाजार में उपलब्ध राखी में से किसी एक तरह की राखी खरीद लेती थी, लेकिन इस बार मन बनाया है कि चांदी की राखी अपने भाई की कलाई पर बांधेगी.  वहीं आसमा खातून ने कहा कि , रक्षाबंधन मै भी बड़ी उत्साह से मनाती हूं और चांदी की राखी खरीदने आई हूं जो कभी खराब नहीं होती है.  मेरे भाई की कलाई पर हमेशा बंधी रहेगी और भाई बहन के स्नेह और प्यार बना रहेगा।


Leave a comment

Educations

Sports

Entertainment

Lucknow

Azamgarh